नियमितीकरण समेत मांगों को लेकर एनएचएम संविदा कर्मियों ने दी आंदोलन की चेतावनी

मानदेय बढ़ाने और समान काम-समान वेतन की मांग, मुख्यमंत्री को भेजा ज्ञापन
टेन न्यूज़ !! ०९ अक्टूबर २०२६ !! ब्यूरो चीफ रामजी पोरवाल | औरैया।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अयाना में कार्यरत राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के संविदा कर्मचारियों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर आंदोलन की चेतावनी दी है। कर्मचारियों ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजकर नियमितीकरण, समान काम के लिए समान वेतन और मानदेय में वृद्धि सहित लंबित मांगों पर जल्द सकारात्मक कार्रवाई करने की मांग की है।
संगठन के जिला महामंत्री अनुराग वर्मा और जिलाध्यक्ष अजय कुमार पांडेय ने बताया कि प्रदेश में एक लाख से अधिक एनएचएम संविदा कर्मचारी पिछले 15 से 18 वर्षों से स्वास्थ्य सेवाएं दे रहे हैं। इसके बावजूद उनकी कई मांगें लंबित हैं।
नियमितीकरण और वेतन वृद्धि की मांग
कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में नियमितीकरण, समान काम-समान वेतन और मौजूदा मानदेय में तत्काल वृद्धि शामिल है। इसके अलावा 10 लाख रुपये का फैमिली फ्लोटर कैशलेस स्वास्थ्य बीमा, महंगाई भत्ता, कर्मचारी भविष्य निधि (ईपीएफ), मकान किराया भत्ता (एचआरए) और ग्रेच्युटी देने की मांग भी की गई है।
स्थानांतरण नीति और अनुकंपा नियुक्ति की मांग
कर्मचारियों ने गैर-जनपद स्थानांतरण नीति बहाल करने, सेवाकाल के दौरान मृत्यु होने पर आश्रित को अनुकंपा नियुक्ति देने और आउटसोर्स कर्मचारियों का जिला स्वास्थ्य समिति में समायोजन करने की मांग उठाई है। इसके साथ ही नियमित भर्तियों में एनएचएम संविदा कर्मचारियों को 25 प्रतिशत कोटा देने की मांग भी ज्ञापन में शामिल है।
मांगें पूरी नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी
संगठन के पदाधिकारियों ने चेतावनी दी कि मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं होने पर चरणबद्ध आंदोलन किया जाएगा। घोषित कार्यक्रम के अनुसार, 5 से 7 अक्टूबर तक काला फीता बांधकर विरोध और 8 से 10 अक्टूबर तक जिला मुख्यालयों पर कार्य बहिष्कार किया जाना था। इसके बाद लखनऊ में अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी दी गई है।
कर्मचारियों ने सरकार से उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार कर जल्द समाधान निकालने की अपील की है।