फर्रुखाबाद शहर में रमजान का चौथा जुमा ‘अलविदा जुमा’ के रूप में मनाया गया

टेन न्यूज़ !! १४ मार्च २०२६ !! तौफीक फारुकी ब्यूरो, फर्रुखाबाद
फर्रुखाबाद शहर में आज रमजान का चौथा जुमा ‘अलविदा जुमा’ के रूप में मनाया गया। इस अवसर पर जिलाधिकारी डॉ. आशुतोष कुमार द्विवेदी, पुलिस अधीक्षक आरती सिंह और सीओ सिटी ऐश्वर्या उपाध्याय ने शहर में पैदल गश्त कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया।
मुस्लिम समुदाय ने अलविदा जुमा के अवसर पर बिजली और पानी की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने की मांग की। साथ ही, मस्जिदों के आसपास साफ-सफाई और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने का भी अनुरोध किया गया।
धार्मिक नेताओं के अनुसार, यदि 19 मार्च को चांद दिखाई देता तो 20 मार्च शुक्रवार को ईद मनाई जाती। चूंकि चांद 19 मार्च को नजर नहीं आया, इसलिए 20 मार्च को रमजान का 30वां रोजा पूरा हुआ और इसे अलविदा जुमा के रूप में मनाया गया। ईद उल फितर का त्योहार 21 मार्च को मनाया जाएगा।
मौलाना सदाकत हुसैन सैंथली ने बताया कि शिया धर्मगुरु इमाम-ए-जुमा लखनऊ मौलाना सैयद कल्बे जव्वाद से पुष्टि के बाद आज अलविदा जुमा की नमाज अदा की गई। गढ़ीकोना हुसैनीया मस्जिद में मौलाना सदाकत हुसैन सैंथली ने जुहर और असर की नमाज अदा कराई। सुनहरी मस्जिद में इमाम-ए-जुमा मोहम्मद अब्बास ने नमाज अदा कराई। शहर जामा मस्जिद इमाम मुफ्ती मोअज्जम अली और रकाबगंज तिराहा मस्जिद जान अली खां में सैय्यद हारून अली ने नमाज अदा की। इसके अतिरिक्त, एक मीनार मस्जिद, बीबी साहिबा मस्जिद, आम वाली मस्जिद, अंगूरी मस्जिद, बारह खां मस्जिद, शीश महल मस्जिद और अंजुमन मस्जिद सहित कई अन्य मस्जिदों में भी नमाज अदा की गई।
शहर काजी सैय्यद मुताहिर अली ने बताया कि आज अलविदा जुमा की नमाज अदा की गई। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि प्रशासन की ओर से कोई विशेष गाइडलाइन जारी नहीं की गई है, लेकिन सभी नमाजी मस्जिद के अंदर ही नमाज अदा करेंगे और सड़कों पर नमाज नहीं पढ़ी जाएगी। जुमे की नमाज के दौरान ही ईद की नमाज के समय का ऐलान किया जाएगा।
रमजान की आखिरी दस रातों में शब-ए-कद्र की इबादत का विशेष महत्व है। पैगंबर मोहम्मद साहब ने 21वीं, 23वीं, 25वीं, 27वीं और 29वीं रातों में शब-ए-कद्र को तलाशने के लिए कहा है, जिसमें 23वीं शब को अत्यंत फजीलत वाली माना जाता है। कारी फसीह मुजीब ने बताया कि इन रातों में नवाफिल नमाज, कुरआन-ए-पाक की तिलावत और दुआओं का एहतमाम करना चाहिए। अल्लाह से गुनाहों की माफी और जहन्नुम से आजादी की दुआ करनी चाहिए। जो लोग मस्जिदों में एतिकाफ में बैठे हैं, वे पूरी तरह से रूहानी इबादत में मशगूल हैं।
सुरक्षा व्यवस्था और शांति बनाए रखने के लिए जिलाधिकारी डॉ. आशुतोष कुमार द्विवेदी, पुलिस अधीक्षक आरती सिंह, सीओ सिटी ऐश्वर्या उपाध्याय, नगर पालिका परिषद के ईओ विनोद कुमार, शहर कोतवाली प्रभारी दर्शन सिंह सोनकी, थाना प्रभारी अजब सिंह, बीबीगंज चौकी इंचार्ज नितिन कुमार, एसआई पंकज कुमार और एसआई अमित गुप्ता सहित भारी पुलिस बल मौजूद रहा।






