पहली अप्रैल से सभी टोल प्लाजा होंगे कैशलेस, फास्टैग या यूपीआई से ही होगा भुगतान
टेन न्यूज ii 17 मार्च 2026 ii रामजी पोरवाल ब्यूरो
औरैया। आगामी 1 अप्रैल 2026 से देशभर के नेशनल हाईवे टोल प्लाजा पूरी तरह कैशलेस हो जाएंगे। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने इस संबंध में देश के लगभग 1150 टोल प्लाजा को दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं।
नए वित्तीय वर्ष 2026-27 की शुरुआत से ही टोल प्लाजा पर नगद भुगतान की सुविधा समाप्त कर दी जाएगी।
एनएचएआई के निर्देशानुसार अब वाहन चालकों को टोल टैक्स का भुगतान केवल सक्रिय फास्टैग के माध्यम से या फिर टोल बूथ पर उपलब्ध क्यूआर/बारकोड स्कैन कर यूपीआई से करना होगा।
ऐसे में जिन वाहन चालकों के फास्टैग निष्क्रिय हैं या जिनके पास यूपीआई की सुविधा नहीं है, उन्हें असुविधा का सामना करना पड़ सकता है। इसके लिए वाहन चालकों को अपना फास्टैग सक्रिय रखना और मोबाइल में यूपीआई सुविधा चालू रखना आवश्यक होगा।
इसके साथ ही गैर-व्यावसायिक वाहनों के लिए दी जाने वाली वार्षिक पास सुविधा में भी बदलाव किया गया है। पहले यह पास 3000 रुपये में एक वर्ष या 200 टोल पार करने की सुविधा के साथ मिलता था, लेकिन अब इसमें 75 रुपये की बढ़ोतरी कर दी गई है।
नई दर के अनुसार यह पास 3075 रुपये में उपलब्ध होगा, जो 1 अप्रैल 2026 की मध्य रात्रि से लागू होगी। हालांकि वर्तमान में 3000 रुपये में सक्रिय पास धारकों को अतिरिक्त राशि नहीं देनी होगी। बढ़ी हुई दर केवल नए रिचार्ज पर लागू होगी।
अजीतमल क्षेत्र के अनंतराम टोल प्लाजा के संयुक्त महाप्रबंधक सत्यवीर सिंह यादव ने बताया कि एनएचएआई के निर्देशों के अनुसार 1 अप्रैल से नगद भुगतान पूरी तरह बंद कर दिया जाएगा।
उन्होंने बताया कि इस टोल प्लाजा से प्रतिदिन करीब 21 हजार वाहन गुजरते हैं, जिनमें लगभग एक हजार वाहन ऐसे होते हैं जो अभी तक नगद भुगतान करते हैं। नई व्यवस्था लागू होने के बाद ऐसे वाहन चालकों को पहले से तैयारी करनी होगी, ताकि किसी प्रकार की असुविधा न हो।
प्रशासन ने वाहन चालकों से अपील की है कि वे समय रहते फास्टैग सक्रिय करा लें और डिजिटल भुगतान के विकल्प अपनाएं, जिससे टोल प्लाजा पर सुगम आवागमन बना रहे।






