रामलीला आयोजन स्थल को लेकर विवाद, एसडीएम-सीओ ने किया निरीक्षण![]()
एसडीएम ने कहा—जहां वर्षों से होती आई रामलीला, वहीं होगा आयोजन; भूमि का कराया जाएगा सीमांकन
टेन न्यूज़।। 12 सितंबर 2026 ।। ब्यूरो चीफ रामजी पोरवाल
औरैया। जनपद के कस्बा फफूंद में शारदीय नवरात्र के दौरान आयोजित होने वाली 157वीं रामलीला के स्थल को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। आयोजन स्थल की भूमि पर एक पक्ष द्वारा स्वामित्व का दावा किए जाने और दूसरे पक्ष के नाम एग्रीमेंट किए जाने की जानकारी सामने आने के बाद धर्मप्रेमियों में नाराजगी है। मामला प्रशासन तक पहुंचने पर शुक्रवार को एसडीएम और सीओ ने दोनों पक्षों को थाने बुलाकर उनकी बात सुनी। इसके बाद अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर विवादित भूमि का निरीक्षण किया।
रामलीला कमेटी के अध्यक्ष कृपाशंकर शुक्ला ने प्रशासन को दी गई सूचना में बताया कि कस्बे में 12 से 20 अक्टूबर तक 157वीं रामलीला का आयोजन प्रस्तावित है। जिस स्थान पर वर्षों से रामलीला का आयोजन होता आ रहा है, उस भूमि पर मनमोहन मिश्रा द्वारा अपना अधिकार बताया जा रहा है। साथ ही, भूमि का निगम सबिता और सत्यम सबिता, निवासी ऊंचा, के नाम एग्रीमेंट किए जाने की बात सामने आई है। इसकी जानकारी मिलने पर नगर के धर्मप्रेमियों में रोष फैल गया।
शुक्रवार को एसडीएम ब्रह्मानंद सिंह और सीओ अजीतमल शैलेंद्र सिंह ने थाना परिसर में रामलीला कमेटी के पदाधिकारियों तथा मनमोहन मिश्रा को बुलाकर दोनों पक्षों की बात सुनी। इसके बाद प्रशासनिक अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर आयोजन स्थल की भूमि का निरीक्षण किया और स्थिति का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान एसडीएम ब्रह्मानंद सिंह ने स्पष्ट किया कि रामलीला का आयोजन उसी स्थान पर होगा, जहां वर्षों से होता आया है। उन्होंने कहा कि भूमि का डीमार्केशन यानी सीमांकन कराया जाएगा तथा राजस्व अभिलेखों के आधार पर भूमि की स्थिति निर्धारित की जाएगी।
प्रशासन ने दोनों पक्षों से शांति बनाए रखने और किसी भी प्रकार के विवाद से बचने की अपील की है। अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद अब भूमि के सीमांकन और राजस्व अभिलेखों की जांच के आधार पर आगे की स्थिति स्पष्ट होने की उम्मीद है।