अजीतमल महाविद्यालय में शिक्षकों ने काली पट्टी बांधकर जताया विरोध

30 सूत्रीय मांगों को लेकर तीन दिन किया शिक्षण कार्य, मांगें पूरी न होने पर लखनऊ में धरना और आमरण अनशन की चेतावन
टेन न्यूज़ !! ०५ नवम्बर २०२६ !! ब्यूरो चीफ रामजी पोरवाल
औरैया। उत्तर प्रदेश विश्वविद्यालय महाविद्यालय शिक्षक महासंघ (फुपुक्टा) के आह्वान पर प्रदेशव्यापी आंदोलन के तहत अजीतमल महाविद्यालय के शिक्षकों ने भी विरोध दर्ज कराया। आंदोलन के प्रथम चरण में 2, 3 और 4 नवंबर 2026 को शिक्षकों ने काली पट्टी बांधकर शिक्षण कार्य किया और अपनी मांगों के प्रति शासन का ध्यान आकर्षित किया।
शिक्षक महासंघ की ओर से 5 नवंबर 2026 को 30 सूत्रीय मांगों के समर्थन में मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश सरकार को जिलाधिकारी के माध्यम से मांग पत्र सौंपा जाएगा।
कूटा इकाई के अध्यक्ष डॉ. योगेश कुमार साहू ने बताया कि शिक्षकों की प्रमुख मांगों में पुरानी पेंशन योजना की बहाली, सेवानिवृत्ति आयु 65 वर्ष करना, चिकित्सीय अवकाश की सुविधा, पीएचडी पर वेतन वृद्धि, स्ववित्तपोषित शिक्षकों को यूजीसी वेतनमान और ग्रेच्युटी का भुगतान शामिल है।
उत्तर प्रदेश विश्वविद्यालय महाविद्यालय शिक्षक महासंघ के उपाध्यक्ष डॉ. श्री प्रकाश यादव ने कहा कि यदि शासन स्तर पर शिक्षकों की समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो 17, 18 और 19 नवंबर को प्रदेशभर के शिक्षक लखनऊ स्थित इको गार्डन में धरना-प्रदर्शन करेंगे। उन्होंने चेतावनी दी कि इसके बाद भी मांगों पर सुनवाई नहीं हुई तो वहीं बैठक कर आमरण अनशन का निर्णय लिया जा सकता है।
इस अवसर पर डॉ. उपेंद्र कुमार, डॉ. अजय कुमार, डॉ. राम बहादुर यादव, डॉ. भूपेंद्र कुमार, डॉ. सुग्रीव मौर्य, डॉ. अनिल कुमार, डॉ. लव कुश, डॉ. बृज किशोर और डॉ. अभिषेक दुबे सहित कई शिक्षक उपस्थित रहे।