मक्का की फसल में नैनो डीएपी के उत्कृष्ट परिणाम, इफको स्टेट हेड यतेंद्र तेवतिया ने सराहा प्रयोग
टेन न्यूज ii 26 अप्रैल 2026 ii डीपी सिंह@डेस्क न्यूज़
शाहजहांपुर। जनपद के सहबाजनगर गाँव में प्रगतिशील किसान श्री मुनेंद्र सिंह के खेत पर 26 अप्रैल 2026 को मक्का की फसल का निरीक्षण किया गया, जिसमें नैनो डीएपी के उपयोग से प्राप्त उत्कृष्ट परिणामों ने सभी को प्रभावित किया।
निरीक्षण के दौरान किसान श्री मुनेंद्र सिंह ने बताया कि उन्होंने लगभग 100 एकड़ क्षेत्रफल में मक्का की खेती की है। इस फसल में उन्होंने पारंपरिक दानेदार डीएपी का उपयोग करीब 50 प्रतिशत तक कम कर दिया और उसके स्थान पर नैनो डीएपी का दो बार छिड़काव (स्प्रे) किया। कुल मिलाकर उन्होंने 150 बोतल नैनो डीएपी का इस्तेमाल किया।
उन्होंने बताया कि नैनो डीएपी के प्रयोग से न केवल रासायनिक उर्वरकों की खपत कम हुई, बल्कि फसल की वृद्धि भी बेहतर देखने को मिली। खेत में तैयार हो रही मक्का के भुट्टे आकार में बड़े, स्वस्थ और गुणवत्तापूर्ण नजर आए, जिससे बेहतर उत्पादन की उम्मीद जताई जा रही है।
प्रगतिशील किसान मुनेंद्र सिंह ने यह भी बताया कि वे पिछले तीन वर्षों से नैनो डीएपी का उपयोग कर रहे हैं। इस वर्ष उन्होंने आलू की फसल में भी इसका छिड़काव किया, जिससे उत्पादन में वृद्धि और बेहतर परिणाम प्राप्त हुए।
इस दौरान इफको राज्य कार्यालय, लखनऊ से उप महाप्रबंधक (विपणन) श्री एस.पी. सिंह, क्षेत्र अधिकारी रामरतन सिंह (इफको शाहजहांपुर), श्री सचेंद्र वर्मा, रामजी अवस्थी सहित अन्य कृषक बंधु उपस्थित रहे।
कृषि विशेषज्ञों का मानना है कि नैनो डीएपी के उपयोग से खेती की लागत में कमी के साथ-साथ उत्पादन में वृद्धि संभव है, जिससे किसानों की आय बढ़ाने में मदद मिल सकती है।
