बाल विवाह की सूचना पर प्रशासन की तत्परता, नाबालिग की शादी रुकवाई![]()
महिला एवं बाल कल्याण टीम व पुलिस ने परिवार को कानून की जानकारी देकर लिया लिखित आश्वासन
टेन न्यूज ii 05 जुलाई 2026 ii अमुक सक्सेना
तिलहर/शाहजहांपुर । कोतवाली क्षेत्र के गांव मंसूरपुर में बाल विवाह की सूचना मिलने पर महिला एवं बाल कल्याण विभाग तथा पुलिस की संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर नाबालिग लड़की का विवाह रुकवा दिया। अधिकारियों ने परिजनों को बाल विवाह निषेध अधिनियम के प्रावधानों की जानकारी देते हुए चेतावनी दी कि बालिग होने से पहले विवाह कराना दंडनीय अपराध है। इसके बाद परिवार से लिखित आश्वासन लिया गया कि बेटी के 18 वर्ष की आयु पूर्ण होने से पहले उसका विवाह नहीं किया जाएगा।
जानकारी के अनुसार गांव मंसूरपुर निवासी एक नाबालिग लड़की का विवाह 6 जुलाई को निर्धारित था। इसकी शिकायत किसी व्यक्ति द्वारा संबंधित पोर्टल पर की गई। शिकायत प्राप्त होने पर महिला एवं बाल कल्याण प्रभारी विनय शर्मा तथा योगेंद्र प्रताप पुलिस टीम के साथ शनिवार दोपहर गांव पहुंचे और मामले की जांच की।
जांच के दौरान शिकायत सही पाए जाने पर टीम ने लड़की के परिजनों से बातचीत की तथा उन्हें बाल विवाह निषेध अधिनियम के कानूनी प्रावधानों से अवगत कराया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि 18 वर्ष से कम आयु की लड़की का विवाह कराना कानूनन अपराध है और ऐसा करने पर विधिक कार्रवाई की जा सकती है।
अधिकारियों की समझाइश के बाद परिजनों ने लिखित रूप से आश्वासन दिया कि बेटी के बालिग होने से पहले उसका विवाह नहीं करेंगे। इसके बाद विवाह की सभी तैयारियां और रस्में तत्काल रोक दी गईं। आवश्यक कार्रवाई पूरी करने के बाद टीम ने अपनी जांच रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को प्रेषित कर दी।