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दिल्ली-एनसीआर की हवा जहरीली, ग्रैप का दूसरा चरण लागू

By Ten News One Desk

Published on:

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दिल्ली-एनसीआर की हवा जहरीली, ग्रैप का दूसरा चरण लागू



टेन न्यूज़ !! नई दिल्ली, 20 अक्टूबर 2025।


दिल्ली-एनसीआर में दीपावली की सुबह जहरीली हवा के साथ शुरू हुई। दीपावली की पूर्व संध्या पर रविवार रात बड़े पैमाने पर पटाखे फोड़े जाने के कारण सोमवार सुबह 8 बजे वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 335 तक पहुंच गया, जो ‘बेहद खराब’ श्रेणी में आता है।

केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के अनुसार, राजधानी में रविवार को औसत AQI 296 (‘खराब’) था, जो शाम 6 बजे 300 और रात 7 बजे 302 तक पहुंच गया। मौसम विभाग (IMD) और भारतीय उष्णकटिबंधीय मौसम विज्ञान संस्थान के पूर्वानुमानों के अनुसार, अगले दो दिनों में हवा की गुणवत्ता और बिगड़ सकती है और ‘गंभीर’ श्रेणी (401 से ऊपर) में पहुंचने की संभावना है।

स्थिति को देखते हुए, वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग ने ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान (GRAP) का दूसरा चरण तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया है। इसके तहत प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति को सख्त निगरानी और कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।

ग्रैप-II के प्रमुख कदमों में शामिल हैं:

  • मुख्य सड़कों पर रोजाना मैकेनिकल स्वीपिंग और पानी का छिड़काव।

  • निर्माण स्थलों पर सख्त जांच और धूल नियंत्रण उपाय।

  • डीजल जेनरेटर पर प्रतिबंध (आपात सेवाओं को छोड़कर)।

  • भीड़भाड़ वाले स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस तैनाती।

  • निजी वाहनों को हतोत्साहित करने के लिए पार्किंग शुल्क में बढ़ोतरी।

  • सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा।

  • आरडब्ल्यूए को निर्देश कि स्टाफ को हीटर उपलब्ध कराएं, ताकि बायोमास न जलाया जाए।

  • केवल इलेक्ट्रिक, सीएनजी या बीएस-VI मानक की डीजल बसों को प्रवेश की अनुमति।

साथ ही आम लोगों से अपील की गई है कि वे सार्वजनिक परिवहन का उपयोग करें, निर्माण स्थलों पर धूल कम करें और कचरा न जलाएं। पराली जलाना और वाहनों से निकलने वाला धुआं इस प्रदूषण संकट को और गहरा कर रहा है।

विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि स्थिर हवाएं और तापमान में गिरावट वायु गुणवत्ता को और बिगाड़ सकते हैं, इसलिए क्षेत्रीय सहयोग और सतर्कता आवश्यक है।

दिल्ली-एनसीआर की हवा जहरीली, ग्रैप का दूसरा चरण लागू

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टेन न्यूज़ !! नई दिल्ली, 20 अक्टूबर 2025।


दिल्ली-एनसीआर में दीपावली की सुबह जहरीली हवा के साथ शुरू हुई। दीपावली की पूर्व संध्या पर रविवार रात बड़े पैमाने पर पटाखे फोड़े जाने के कारण सोमवार सुबह 8 बजे वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 335 तक पहुंच गया, जो ‘बेहद खराब’ श्रेणी में आता है।

केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के अनुसार, राजधानी में रविवार को औसत AQI 296 (‘खराब’) था, जो शाम 6 बजे 300 और रात 7 बजे 302 तक पहुंच गया। मौसम विभाग (IMD) और भारतीय उष्णकटिबंधीय मौसम विज्ञान संस्थान के पूर्वानुमानों के अनुसार, अगले दो दिनों में हवा की गुणवत्ता और बिगड़ सकती है और ‘गंभीर’ श्रेणी (401 से ऊपर) में पहुंचने की संभावना है।

स्थिति को देखते हुए, वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग ने ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान (GRAP) का दूसरा चरण तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया है। इसके तहत प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति को सख्त निगरानी और कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।

ग्रैप-II के प्रमुख कदमों में शामिल हैं:

  • मुख्य सड़कों पर रोजाना मैकेनिकल स्वीपिंग और पानी का छिड़काव।

  • निर्माण स्थलों पर सख्त जांच और धूल नियंत्रण उपाय।

  • डीजल जेनरेटर पर प्रतिबंध (आपात सेवाओं को छोड़कर)।

  • भीड़भाड़ वाले स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस तैनाती।

  • निजी वाहनों को हतोत्साहित करने के लिए पार्किंग शुल्क में बढ़ोतरी।

  • सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा।

  • आरडब्ल्यूए को निर्देश कि स्टाफ को हीटर उपलब्ध कराएं, ताकि बायोमास न जलाया जाए।

  • केवल इलेक्ट्रिक, सीएनजी या बीएस-VI मानक की डीजल बसों को प्रवेश की अनुमति।

साथ ही आम लोगों से अपील की गई है कि वे सार्वजनिक परिवहन का उपयोग करें, निर्माण स्थलों पर धूल कम करें और कचरा न जलाएं। पराली जलाना और वाहनों से निकलने वाला धुआं इस प्रदूषण संकट को और गहरा कर रहा है।

विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि स्थिर हवाएं और तापमान में गिरावट वायु गुणवत्ता को और बिगाड़ सकते हैं, इसलिए क्षेत्रीय सहयोग और सतर्कता आवश्यक है।

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