UCC के नाम पर असली मुद्दों से ध्यान भटकाने का आरोप, कांग्रेस ने सरकार से मांगे जवाब

टेन न्यूज़ !! २३ जून २०२६ !! विकास सियारिया ब्यूरो , रायसेन
भोपाल। मध्य प्रदेश में समान नागरिक संहिता (यूसीसी) को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। कांग्रेस ने राज्य सरकार पर यूसीसी के मुद्दे को आगे बढ़ाकर प्रदेश के वास्तविक और जनसरोकार से जुड़े मुद्दों से जनता का ध्यान भटकाने का आरोप लगाया है।
कांग्रेस नेताओं ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि प्रदेश की जनता आज रोजगार, शिक्षा, स्वास्थ्य, किसानों और आदिवासी समाज से जुड़े गंभीर मुद्दों पर जवाब चाहती है। पार्टी ने सवाल उठाया कि आदिवासी समुदाय के लिए केंद्र और राज्य सरकार द्वारा घोषित “मोदी गारंटियां” आखिर कब पूरी की जाएंगी।
कांग्रेस ने आदिवासी महिलाओं की सुरक्षा का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया। पार्टी नेताओं का कहना है कि प्रदेश में आदिवासी महिलाओं के लापता होने और उनके साथ होने वाली घटनाओं को लेकर सरकार को स्पष्ट जवाब देना चाहिए। उन्होंने पूछा कि आदिवासी बहनों की सुरक्षा और न्याय की गारंटी आखिर कौन देगा।
विपक्ष ने यह भी कहा कि यदि सरकार यूसीसी को इतना महत्वपूर्ण मानती है, तो उसे यह स्पष्ट करना चाहिए कि इससे आदिवासी समाज की परंपराओं, रीति-रिवाजों और संविधान द्वारा प्रदत्त विशेष अधिकारों की रक्षा किस प्रकार सुनिश्चित की जाएगी।
कांग्रेस का कहना है कि प्रदेश की जनता को केवल राजनीतिक बहस नहीं, बल्कि उनके जीवन से जुड़े महत्वपूर्ण सवालों के ठोस समाधान और जवाब चाहिए। वहीं इस पूरे मामले में राज्य सरकार की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यूसीसी को लेकर आने वाले दिनों में प्रदेश की राजनीति और अधिक गर्मा सकती है, क्योंकि सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों इस मुद्दे पर आमने-सामने दिखाई दे रहे हैं।
टेन न्यूज़ के लिए मध्य प्रदेश से विकास सियारिया की रिपोर्ट।