“आज के बच्चे, कल का भविष्य” नाटक से जागरूकता का संदेश, मोबाइल की लत और पर्यावरण संरक्षण पर जोर![]()
टेन न्यूज ii 14 जून 2026 ii लोकेशन – ढेकियाजुली, असम
रिपोर्ट – प्रशांत वैश्य ब्यूरो
ढेकियाजुली शहर में सप्तर्षि लोक कला संस्कृति अकादमी के तत्वावधान में “आज के बच्चे, कल का भविष्य” शीर्षक से जागरूकता आधारित नुक्कड़ नाटक का मंचन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन ढेकियाजुली नगर निम्न बुनियादी विद्यालय परिसर में किया गया, जिसमें छात्र-छात्राओं, शिक्षकों और स्थानीय नागरिकों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया।
नाटक के माध्यम से बच्चों में मोबाइल फोन के अत्यधिक उपयोग से मानसिक विकास पर पड़ने वाले नकारात्मक प्रभाव, पढ़ाई में एकाग्रता की कमी और सामाजिक मूल्यों में गिरावट जैसे मुद्दों को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया गया। कलाकारों ने संदेश दिया कि तकनीक का सही उपयोग जरूरी है, लेकिन इसका दुरुपयोग बच्चों के भविष्य के लिए नुकसानदायक साबित हो सकता है।
कार्यक्रम में खाद्य सुरक्षा और पर्यावरण संरक्षण को भी प्रमुखता से उठाया गया। रासायनिक खाद और कीटनाशकों के अत्यधिक उपयोग से स्वास्थ्य पर पड़ने वाले दुष्प्रभावों के साथ-साथ प्लास्टिक के अंधाधुंध इस्तेमाल से पर्यावरण को हो रहे नुकसान के प्रति लोगों को जागरूक किया गया। “पेड़ रहेंगे तो जीवन रहेगा” का संदेश कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण रहा।
इसके बाद कलाकारों ने ढेकियाजुली राजस्व चक्र अधिकारी कार्यालय के समीप आमजन के बीच नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत कर स्वच्छता, वृक्षारोपण और प्लास्टिक मुक्त समाज का संदेश दिया। कार्यक्रम में शामिल कलाकारों की प्रस्तुति को लोगों ने खूब सराहा।